नई दिल्ली (एजेंसी) । रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शुक्रवार राज्यसभा में ट्रेन चलाने के दौरान लोकोपायलट की जिम्मेदारियों को लेकर चर्चा की। उन्होंने लोको पायलट के ट्रेन में पेय पदार्थ का सेवन पर कहा कि लोको पायलट ट्रेन में बिना अल्कोहल वाले पेय पदार्थों का सेवन कर सकते हैं| रेल मंत्री ने यह बात उच्च सदन में एक लिखित शिकायत के जवाब में कही। उन्होंने कहा कि लोको पायलट को बिना अल्कोहल वाले पेय पदार्थों को लेने पर कोई प्रतिबंध नहीं है यानी वह ऐसे पेय पदार्थ ले सकते हैं, जिनमें अल्कोहल न मिला हो।
गौरतलब है कि एमडीएमके मेंबर एम षणमुगम ने सवाल पूछा था कि क्या साउथ रेलवे की ओर से ट्रेन लोको पायलटों के काम पर आते समय और काम करने के दौरान पानी, फल, कफ-सिरप और नारियल पानी का सेवन करना पर प्रतिबंध लगाया गया है? क्या इस तरह के निर्देश देने वाला कोई सर्कुलर जारी किया गया है? उन्होंने इसे गर्मियों के दौरान अनैतिक और अमानवीय बताया और कहा कि ट्रेन का इंजन गर्म हो जाता है और रनिंग स्टाफ को प्यास लगती है। अश्विनी वैष्णव ने कहा कि बिना अल्कोहल वाले पेय पदार्थों का सेवन करने पर कोई प्रतिबंध नहीं है| कुछ पेय पदार्थों के सेवन को रोकने के लिए साउथ रेलवे की ओर से उठाए गए कदमों में पहले ही संशोधन किया जा चुका है|
