135 किमी/घंटे की रफ्तार से आई तबाही, 3 की मौत
आंध्र प्रदेश में चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ ने बुधवार सुबह (28 अक्टूबर 2026) नरसपुर और यानम के पास तटीय इलाकों में लैंडफॉल (तट पार) किया। इस दौरान 135 से 150 किमी/घंटे की रफ्तार से चली विनाशकारी हवाओं और मूसलाधार बारिश ने भारी तबाही मचाई है।
काकीनाडा, कोनासीमा और विशाखापत्तनम में तूफान का सबसे ज्यादा असर रहा, जहां 714 से अधिक गांव प्रभावित हुए हैं। तेज हवाओं के कारण सैकड़ों पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए, जिससे तटीय इलाकों में व्यापक बिजली कटौती हुई है। करंट लगने और पेड़ गिरने की अलग-अलग घटनाओं में अब तक 3 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। सुरक्षा के मद्देनजर रेलवे ने 70 से अधिक ट्रेनें रद्द कर दी हैं और विशाखापत्तनम एयरपोर्ट पर हवाई सेवाएं रोक दी गई हैं।
मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू लगातार राहत कार्यों की निगरानी कर रहे हैं। प्रशासन द्वारा 1.8 लाख लोगों को पहले ही सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया गया था, जिससे बड़ी जनहानि टल गई। फिलहाल एनडीआरएफ (NDRF) की टीमें प्रभावित इलाकों में रास्ते साफ करने और बिजली बहाली में जुटी हैं।
इस रिपोर्ट को भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD), द हिंदू (The Hindu), अल जजीरा (Al Jazeera) और स्थानीय ग्राउंड रिपोर्ट्स से मिले आधिकारिक आंकड़ों के आधार पर तैयार किया गया है।
यदि आपको इस रिपोर्ट में राहत सामग्री वितरण, फसलों को हुए नुकसान या पड़ोसी राज्यों (जैसे ओडिशा) पर असर से जुड़ी कोई और विशेष जानकारी जोड़नी है, तो मुझे बताएं।
