जगदलपुर/बीजापुर:
आज, 2 अप्रैल 2026 को छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग के अंतर्गत आने वाले बीजापुर और सुकमा के सरहदी इलाकों में सुरक्षा बलों ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर नक्सलियों को बड़ा झटका दिया है। डीआरजी (DRG), एसटीएफ (STF) और सीआरपीएफ (CRPF) की कोबरा बटालियन ने एक गुप्त सूचना के आधार पर नक्सलियों के एक अस्थायी ट्रेनिंग कैंप को पूरी तरह तबाह कर दिया।
ऑपरेशन की मुख्य बातें:
- सटीक खुफिया जानकारी: सुरक्षा बलों को इनपुट मिला था कि इलाके में नक्सलियों की एक बड़ी बैठक और हथियार चलाने की ट्रेनिंग चल रही है।
- घेराबंदी और मुठभेड़: जैसे ही जवान कैंप के करीब पहुंचे, नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी। करीब 2 घंटे तक चली रुक-रुक कर हुई मुठभेड़ के बाद नक्सली घने जंगलों और पहाड़ों की आड़ लेकर भाग निकले।
- बरामदगी: कैंप की तलाशी लेने पर सुरक्षा बलों को 15 किलो आईईडी (IED), 2 पाइप बम, नक्सली साहित्य, वर्दी और भारी मात्रा में दैनिक उपयोग की सामग्री मिली है।
- कैंप ध्वस्त: जवानों ने मौके पर ही नक्सलियों द्वारा बनाए गए अस्थाई ढांचों और रसद भंडार को आग के हवाले कर दिया।
आईजी बस्तर का बयान:
बस्तर आईजी पी. सुंदरराज ने पुष्टि की है कि इस इलाके में नक्सलियों के बड़े कैडरों की मौजूदगी की सूचना थी। उन्होंने कहा, “जवानों की सतर्कता की वजह से एक बड़ी साजिश को नाकाम कर दिया गया है। फिलहाल इलाके में सर्चिंग ऑपरेशनऔर तेज कर दिया गया है ताकि भागे हुए नक्सलियों को पकड़ा जा सके।”
इलाके में हाई अलर्ट:
इस सफल ऑपरेशन के बाद बस्तर के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है। अंदरूनी इलाकों के कैंपों को भी विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
